WhatsApp Image 2025 08 07 At 9.31.47 PM
Home खबरों की खबर

नियम विरुद्ध की गई पदोन्नति निरस्त, जांच के आदेश, पूर्व IAS पर उठे सवाल!

431
WhatsApp Image 2025 12 07 At 18.15.49

नियम विरुद्ध की गई पदोन्नति निरस्त, जांच के आदेश, पूर्व IAS पर उठे सवाल!

रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन ने गोविंद गिलहरे की सहायक संचालक कृषि (लेखा/स्था.) के पद पर रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन ने गोविंद गिलहरे की सहायक संचालक कृषि (लेखा/स्था.) के पद पर नियम विरुद्ध की गई पदोन्नति को निरस्त कर दिया है। इस मामले में जांच भी शुरू कर दी गई है। यह कार्यवाही गिलहरे को स्टेनो से एक झटके में अधिकारी बनाने के मामले में की गई है, और इसके पीछे पूर्व आईएएस टामन सोनवानी के प्रभावशाली कार्यकाल के कारनामों पर भी सवाल उठे हैं।

जांच आदेश के अनुसार, नवा रायपुर, अटल नगर से जारी पत्र में उल्लेख है कि 02.11.2020 को जारी पदोन्नति आदेश अमान्य और निरस्त किया गया है। इसके साथ ही विभाग ने इस मामले में उचित छानबीन और जांच करने के लिए समिति का गठन किया है। इस मामले की शिकायत कृषि मंत्री रामविचार नेताम को प्राप्त हुई थी। इसमें कहा गया कि गिलहरे को जून 2020 में नियम विरुद्ध पदोन्नति दी गई थी। यह पदोन्नति तत्कालीन सत्ता प्रशासन के समय COVID-काल में की गई थी, और इसे नियमों का उल्लंघन माना गया।दस्तावेज़ों में बदलाव कर नियमों का उल्लंघन किया गया और स्टेनो को उच्च पद पर नियुक्त कराया गया।

शासन ने स्पष्ट किया है कि इस प्रक्रिया में संलिप्त सभी अधिकारी जवाबदेह होंगे, और आवश्यकता पड़ने पर सीबीआई जांच भी निर्देशित की जा सकती है। समिति के सदस्य इस प्रकार हैं: सूर्यकिरण अग्रवाल, उप सचिव, कृषि विकास एवं किसान कल्याण तथा जैव प्रौद्योगिकी विभाग (अध्यक्ष) विकास साहू, उप संचालक, कृषि, जैव उर्वरक एवं जैविक खाद परीक्षण एवं गुण नियंत्रण प्रयोगशाला रायपुर (सदस्य) अनुराधा नायक, उप संचालक, राज्य कृषि प्रबंधन एवं विस्तार प्रशिक्षण संस्थान (सदस्य)समिति को 15 दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपनी है। समिति ने इस मामले में जांच भी शुरू कर दी गई है।