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Big Decision of MP High Court : ग्वालियर के तत्कालीन SP नवनीत भसीन और DIG अमित सांघी के खिलाफ जांच आदेश निरस्त

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Big Decision of MP High Court : ग्वालियर के तत्कालीन SP नवनीत भसीन और DIG अमित सांघी के खिलाफ जांच आदेश निरस्त

ग्वालियर। Big Decision of MP High Court : ग्वालियर के तत्कालीन SP नवनीत भसीन और DIG अमित सांघी के खिलाफ जांच आदेश निरस्त.

पुलिस हिरासत में एक व्यक्ति की मौत के मामले ने प्रदेश की पुलिस व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे। इस मामले में ग्वालियर के तत्कालीन SP नवनीत भसीन और वर्तमान DIG अमित सांघी समेत अन्य अधिकारियों के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए गए थे। हाईकोर्ट की युगल पीठ ने अब इन आदेशों को निरस्त करते हुए तीन पुलिसकर्मियों पर लगी 20 लाख की कॉस्ट में भी बदलाव किया है और क्षतिपूर्ति राशि तय करने का जिम्मा विचारण न्यायालय को सौंपा है।

अशोक रावत द्वारा दायर याचिका में आरोप लगाया गया था कि उनके पिता और खेमू शाक्य के बीच विवाद के बाद दोनों बेलगड़ा थाने पहुंचे थे। पुलिस ने खेमू शाक्य की शिकायत पर अशोक रावत के पिता को हिरासत में लिया और पुलिसकर्मियों ने उनकी बेरहमी से पिटाई की, जिससे उनकी मौत हो गई। इस घटना की सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को भी दी गई थी, जिसके बाद दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया।

मामला हाईकोर्ट पहुंचने के बाद कोर्ट ने पाया कि घटना 10 अगस्त 2019 को हुई थी, लेकिन जांच शिवपुरी के करैरा एसडीओपी को सौंप दी गई थी, जिससे निष्पक्षता का दिखावा किया गया। दुर्भाग्यवश, जांच दो साल तक लंबित रही और कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।

इस मामले में हाईकोर्ट ने पहले तत्कालीन SP नवनीत भसीन, SDOP आत्माराम शर्मा, जीडी शर्मा और संजय शर्मा के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए थे। इन आदेशों के खिलाफ नवनीत भसीन, अमित सांघी और अन्य अधिकारियों ने युगल पीठ में रिट अपील दायर की थी। राज्य शासन ने भी रिट अपील दायर की थी।

फरवरी में हुई सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने 17 जून को फैसला सुनाते हुए विभागीय जांच के आदेश निरस्त कर दिए। साथ ही, तीन पुलिसकर्मियों पर लगी 20 लाख की कॉस्ट में भी बदलाव किया और पीड़ित को क्षतिपूर्ति राशि विचारण न्यायालय द्वारा तय करने का निर्देश दिया।

इस फैसले के बाद दोनों वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को बड़ी राहत मिली है, हालांकि कोर्ट ने जांच में देरी और निष्पक्षता पर सवाल जरूर उठाए हैं।