WhatsApp Image 2025 08 07 At 9.31.47 PM
Home खबरों की खबर

Ruckus In Kanpur : कानपुर में एक ही समाज के दो पक्षों में विवाद, पथराव और गोलीबारी

बीजेपी नेता के विवादास्पद बयान के बाद बाजार बंद करने को लेकर हंगामा

1392
WhatsApp Image 2022 06 03 At 8.27.36 PM

कानपुर. कानपुर में बीजेपी नेता नूपुर शर्मा के कथित विवादस्पद बयान के खिलाफ बाजार बंद कराने को लेकर विवाद हो गया। इस दौरान पथराव, गोलीबारी और बमबारी से हड़कंप मच गया। कई गाड़ियों को नुकसान भी पहुंचा और कई लोग घायल हुए।

उत्तर प्रदेश के ADG लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार के मुताबिक अब स्थिति काबू में है। उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

कानपुर की DM नेहा शर्मा ने कहा कि यह कानून व्यवस्था का मामला है। अभी स्थिति नियंत्रण में है। पत्थरबाजी के बाद मौके पर पुलिस कमिश्नर (CP) और ज्वाइंट कमिश्नर समेत सभी लोग मौजूद हैं।

घटना में कई लोग गंभीर रूप से घायल हुए। उन्हें चिकित्सा सहायता के लिए भेजा गया है। प्रभावित क्षेत्रों में पुलिस बल तैनात किया गया है। स्थिति पर कड़ी निगरानी रखने और आगे हिंसा न हो यह सुनिश्चित करने को लेकर सख्त निर्देश जारी किए गए।

एमएमए जौहर फैंस एसोसिएशन के अध्यक्ष हयात जफर हाशमी सहित कुछ स्थानीय नेताओं ने शुक्रवार को दुकानों को बंद करने का आह्वान किया था।

जबकि, दूसरा पक्ष बाजार बंद करने के पक्ष में नहीं था। जुमे की नमाज के बाद हुए बवाल के बाद 25 थानों की फोर्स के साथ आला अधिकारी मौके पर पहुंचे। इस दौरान PAC को भी बुला लिया गया।

अब तक 18 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई CCTV फुटेज के आधार पर करने की बात कही गई।

अभी भी पुलिस की धरपकड़ और छापेमारी की कार्रवाई जारी है। PAC के जवान भी सर्च ऑपरेशन चला रहे हैं। पुलिस और PAC पर भी पत्थरबाजी की खबरें सामने आई। पुलिस इस वक्त मास्टरमाइंड हयात जफर हाशमी की तलाश में है।

परेड चौराहे पर हंगामा

घटना कानपुर के बेगमगंज थाना क्षेत्र के नई सड़क के यतीमखाने की है। पथराव के अलावा कई राउंड फायरिंग और दो-तीन देसी बम चलने की वजह से कई लोग घायल हुए।

हालांकि, प्रशासन ने घायलों की संख्या को लेकर अभी तक कोई जानकारी नहीं दी। बीजेपी नेता नूपुर शर्मा के बयान के विरोध में कानपुर में सामाजिक संस्था के मुस्लिम इलाकों की बंदी के ऐलान के बाद परेड चौराहे पर हजारों की संख्या में लोग मौजूद थे।

इसके बाद बाजार बंद कराने को लेकर दूसरे पक्ष ने विरोध जताया। इसके बाद दोनों पक्षों की तरफ से पत्थरबाजी, बमबारी और गोलीबारी शुरू हो गई।

घटना की जानकारी मिलने के बाद कई थानों की पुलिस के साथ आला अधिकारियों ने भी मौके पर पहुंचकर माहौल शांत कराया।